हस्ताक्षर न्यूज.
दक्षिण-पश्चिम मानसून (Monsoon) की रफ्तार धीमी पड़ गई है। मौसम विभाग ने मानसून के आगे बढ़ने की तारीखों में बदलाव करते हुए नया पूर्वानुमान जारी किया है। पहले मानसून के 27 मई तक केरल पहुंचने की संभावना जताई गई थी, लेकिन अब इसके 3 से 4 जून तक पहुंचने का अनुमान है।
मानसून की प्रगति धीमी होने का असर छत्तीसगढ़ पर भी पड़ सकता है। मौसम विभाग के मुताबिक राज्य में मानसून सामान्य तौर पर 16 जून तक प्रवेश करता है, लेकिन इस बार इसके 18 से 19 जून तक पहुंचने की संभावना है।
भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने मानसून को लेकर जारी संशोधित दीर्घकालिक पूर्वानुमान में बताया है कि इस साल जून से सितंबर के बीच देश में सामान्य से कम बारिश हो सकती है। पूरे देश में मानसूनी वर्षा दीर्घावधि औसत (LPA) के करीब 90 प्रतिशत रहने का अनुमान है।
मौसम विभाग के अनुसार उत्तर-पूर्व भारत में बारिश सामान्य रहने की संभावना है, जबकि मध्य भारत, दक्षिण प्रायद्वीपीय भारत और उत्तर-पश्चिम भारत में सामान्य से कम बारिश के संकेत हैं। मानसून कोर जोन (MCZ) में भी कम वर्षा की आशंका जताई गई है, जिससे कृषि क्षेत्र प्रभावित हो सकता है।
विभाग ने यह भी कहा है कि जून महीने में देश के अधिकांश हिस्सों में सामान्य से कम बारिश होने की संभावना है। हालांकि कुछ क्षेत्रों में सामान्य या सामान्य से अधिक वर्षा हो सकती है।




























